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भारत रत्न यानी कि देश के सर्वोच्च नागरिक सम्मान से इस साल देश की तीन महान विभूतियों को सम्मानित किया गया है, जिसकी घोषणा इसी साल जनवरी में की गयी थी। इनमें प्रणव मुखर्जी, नाना जी देशमुख और भूपेन हजारिका का नाम शामिल है। आपको बता दें कि बृहस्पतिवार को राष्ट्रपति भवन में देश के पूर्व राष्ट्रपति 87 वर्षीय प्रणव मुखर्जी को भव्य समारोह में भारत रत्न से सम्मानित किया गया है। ग़ौरतलब है कि जाने-माने समाजसेवी नाना जी देशमुख और प्रख्यात गायक रहे भूपेन हजारिका को यह सम्मान मरणोपरांत दिया गया है। इस सम्मान को ग्रहण करने नाना जी देशमुख के सहयोगी रहे वीरेन्द्र जीत सिंह और भूपेन हजारिका के बेटे तेज ने ग्रहण किया।
प्रणव मुखर्जीः
प्रणब मुखर्जी कांग्रेस के दिग्गज नेता रहे। राष्ट्रपति बनने से पहले इन्होंने देश में कई अहम जिम्मेदारियां संभाली जिनमें वित्त मंत्रालय सहित कई अहम पद थे। प्रणब ने राष्ट्रीय और आन्तरिक रूप से अपने नेतृत्व का लोहा मनाया है।
भूपेन हजारिकाः
भूपेन हजारिका भारत के पूर्वोत्तर राज्य असम से एक बहुमुखी प्रतिभा वाले उत्कृष्ट गीतकार, संगीतकार और गायक थे। इसके अलावा वे असमिया भाषा के कवि, फिल्म निर्माता, लेखक और असम की संस्कृति और संगीत के अच्छे जानकार भी रहे थे।
नानाजी देशमुखः
नाना जी देशमुख जनसंघ के संस्थापक थे। सामाजिक पुनर्गठन का मामले में वह बेजोड़ आदमी थे। वैसे तो नानाजी का जन्म महाराष्ट्र के हिंगोली जिले के कडोली नामक छोटे से कस्बे में ब्राह्मण परिवार में हुआ था। लेकिन इन्होंने चित्रकूट धाम को अपनी कर्मभूमि बना डाली।
भारत रत्न के बारे में और जानेः
इन सेवाओं में कला, साहित्य, विज्ञान, सार्वजनिक सेवा और खेल शामिल है। इस सम्मान की स्थापना 2 जनवरी, 1954 में भारत के तत्कालीन राष्ट्रपति श्री राजेंद्र प्रसाद द्वारा की गई थी। अन्य अलंकरणों के समान इस सम्मान को भी नाम के साथ पदवी के रूप में प्रयुक्त नहीं किया जा सकता। प्रारम्भ में इस सम्मान को मरणोपरांत देने का प्रावधान नहीं था, यह प्रावधान 1955 में बाद में जोड़ा गया। तत्पश्चात् 13 व्यक्तियों को यह सम्मान मरणोपरांत प्रदान किया गया।
ये बात भी ग़ौर करने लायक है कि सुभाष चन्द्र बोस को घोषित सम्मान वापस लिए जाने के उपरान्त मरणोपरान्त सम्मान पाने वालों की संख्या 12 मानी जा सकती है। एक वर्ष में अधिकतम तीन व्यक्तियों को ही भारत रत्न दिया जा सकता है। मालूम हो कि भारत रत्न के बाद सर्वोच्च नागरिक सम्मानों में क्रमशः पद्म भूषण, पद्म विभूषण और पद्म श्री आते हैं।
Author: Amit Rajpoot
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