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भगवान श्री कृष्ण ने भाद्रपद मास के कृष्ण पत्र की अष्टमी को रोहिणी नक्षत्र में वासुदेव और देवकी के घर जन्म लिया। हर साल भादो माह के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को जन्माष्टमी के रूप में मनाया जाता है। कहते हैं कि यह दिन बेहद खास होता है, इस दिन भगवान श्री कृष्ण से जो मांगा जाए वह जरूर पूरा होता है। इस दिन अगर आप कुछ आसान से उपायों पर ध्यान दें तो आपके काफी समय से रुके काम पूरे होंगे। आइए जानते हैं कि दंदलाला को खुश करने और उनकी कृपा पाने के लिए कौन-कौन से उपाय ज्न्माष्टमी के मौके पर किए जाने चाहिए।
तुलसी की करें पूजा:- जन्माष्टमी के इस खास दिन श्री कृष्ण की पूजा के साथ तुलसी को भी एक विशेष महत्व दिया गया है। इसलिए आप तुलसी के पौधे पर गाय के घी का दीपक जलाएं और "ऊँ वासुदेवाय नम:" मंत्र का जाप करते हुए तुलसी के पौधे की 11 बार परिक्रमा कीजिए। इसके बाद हाथ जोड़कर प्रार्थना करें। इस उपाय को करने से घर में हमेशा सुख-शांति और खुशहाली बनी रहती है।
खीर का भोग लगाएं:- जन्माष्टमी के दिन श्री कृष्ण के मंदिर जाएं और उन्हें खीर का भोग लगाएं। ध्यान रहे कि इसमें आपको तुलसी के पत्ते डालना बिल्कुल न भूले। इससे कान्हा जल्द प्रसन्न होते हैं। ऐसा करने से धन की प्राप्ति होती है।
दान दीजिए:- जन्माष्टमी के दिन गरीब और जरूरतमंद लोगों को अवश्य दान दें। श्री कृष्ण पीतांबरधारी थे। इसलिए दान में पीले फल, पीले रंग के कपड़े, पीला अनाज या पीली मिठाई ही दान में दें। लेकिन इससे पहले ये चीजें श्री कृष्ण को अर्पण करें इसके बाद इसे गरीबों में बांट दें।
पीपल के पेड़ पर जल चढ़ाएं:- कोई शख्सअगर किसी कर्ज में फंसा हुआ है तो वह जन्माष्टमी के दिन पीपल के पेड़ पर जल चढ़ाएं और शाम को यहां दीपक जलाएं। ऐसा करने से आपको जल्द ही अपने कर्ज से मुक्ति मिल जाएगी।
इस मंत्र का करें जाप:- जिन लोगों के पास पैसा बिल्कुल नहीं टिकता या फिर हमेशा आर्थिक परेशानी बनी रहती हैं वह "ऊँ ह्नी एं क्लीं श्री" मंत्र का 5 माला जाप करें। इस उपाय को करने से आपको कभी धन की कमी नहीं होगी।
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